फोकस भारत। खेत बचाओ किसान बचाओ यात्रा” के तहत जयपुर के आमेर तहसील की जालसू पंचायत समिति और नारदपुरा गाँव में आयोजित किसान सभा को सम्बोधित किया।

दरअसल ‘नींदड़ बचाओ किसान बचाओ’ अभियान के बाद कांग्रेस नेता डॉ. नगेंद्र सिंह शेखावत ‘खेत बचाओ किसान बचाओ’ यात्रा पर चल रहे है। राजस्थान की राजधानी जयपुर के नींदड़ गांव में हुई किसान सभा में इसकी रुपरेखा बनाई गई। राजस्थान के किसानों को उनके अधिकारों के प्रति संगठित कर उन्हें जागरूक करने के उद्देश्य से 11 जुलाई से यह यात्रा निकाली जा रही है। इस यात्रा में राजस्थान के करीब ढाई हजार गांव तक किसानों को उनके अधिकारों के प्रति संगठित करना इस यात्रा का उद्देश्य है। शेखावत की अगुवाई में ही पिछले साल नींदड़ में जमीन समाधि सत्याग्रह पर किसानों ने आंदोलन किया था। शेखावत ने बताया कि सरकार के खिलाफ शुरू किए इस आंदोलन ‘खेत बचाओ-किसान बचाओ’ का आगाज बुधवार 11 जुलाई को नींदड़ में किसान सभा के साथ किया पहली सभा में ही किसानों ने अपने इरादों से जता दिया था कि वे सरकारी नीतियों के खिलाफ घुटने टेकने वाले नहीं हैं।
अलग-अलग गांवों में जाकर किसान सभाओं आयोजन किया जा रहा है इन सभाओं में किसानों के मुद्दे पर चर्चा की जा रही है शेखावत ने बताया कि किसानों की आवाज बुलंद करने के लिये जयपुर के किसानों को एकजुट करने का काम शुरू किया जा रहा है इसके तहत प्रत्येक गांव में किसानों की बैठक आयोजित की जा रही है। सभी गांवों की बैठकों के बाद एक महापंचायत आयोजित की जाएगी, जिसमें सरकार से किसानों के मुद्दों का समाधान निकालने की मांग की जाएगी। इसके अलावा इन मुद्दों पर एकजुटता की जा रही है- भूमि अधिग्रहण, कृषि उत्पाद, दूध, सब्जियों का उचित मूल्य और किसान कल्याण सहित कई मुद्दे हैं आदि मांगों को लेकर किसान एकजुट हों रहे है। मसलन जयपुर में भूमि अधिग्रहण के विरोध में किसान पहले कई बार आंदोलन कर चुके हैं। पिछले साल नींदड़ जमीन समाधि सत्याग्रह भी काफी चर्चित रहा लेकिन किसान आज भी सरकार की वादा खिलाफ का आरोप लगा रहे हैं।